सितारगंज। एनएच-74 पर विपरीत दिशा से गुजर रही स्कूली बच्चों से भरी निजी बस की ट्रक से जोरदार टक्कर में एक शिक्षिका और छात्रा की मौत के बाद प्रशासन ने आरके ढाबा से विरेंद्रनगर होते हुए अमरिया चौराहा आने वाली सड़क को बंद करा दिया है। एसडीएम ने कहा कि एनएचएआई की टीम को ब्लाइंड स्पॉट्स चिह्नित करने के लिए बुलाया जाएगा जिसकी रिपोर्ट बनाकर डीएम को भेजी जाएगी। मंगलवार को एसडीएम तुषार सैनी और कोतवाल भारत सिंह ने विरेंद्रनगर गांव से आरके ढाबा को निकलने वाली सड़क के तिराहे का निरीक्षण किया। यहां पुलिस की ओर से पूर्व में एक तरफ अस्थायी डिवाइडर लगाकर रूट डायवर्जन कर हादसों की रोकथाम के प्रयास किए गए थे लेकिन रूट डायवर्जन भी कारगर नहीं हुआ। बीते सोमवार को विरेंद्रनगर से होते हुए निजी बस जब हाईवे पर पहुंची तो चालक रांग साइड से बस लेकर निकल गया और आगे चलकर बस ट्रक से भिड़ गई थी। इस हादसे में एक शिक्षिका और एक छात्रा की मौत हो गई जबकि करीब 50 छात्राएं घायल हो गई थीं। मंगलवार को एसडीएम और कोतवाल की मौजूदगी में एनएचएआई की ओर से क्रॉसिंग में सुधार करने तक रास्ते को पूरी तरह बंद करा दिया गया। एसडीएम ने बताया कि एनएचएआई की ओर से वैकल्पिक व्यवस्था करने या फिर चौराहा बनाने तक यह मार्ग बंद रहेगा। कहा कि एनएचएआई को राहगीरों को जागरूक करने के लिए चेतावनी के साइन बोर्ड लगाने के निर्देश दिए गए हैं। उन्होंने कहा कि अमरिया चौराहा और गोरीखेड़ा चौराहे पर भी क्रॉसिंग में सुधार के निर्देश दिए गए हैं। इसके अलावा ब्लाइंड स्पॉट्स चिह्नित कराने के लिए एनएचएआई की टीम बुलाई जाएगी और फिर रिपोर्ट बनाकर डीएम को भेजेंगे।
सड़क हादसे में मृत छात्रा के पिता की तहरीर पर केस दर्ज
सितारगंज। सड़क दुर्घटना में हुई शिक्षिका और छात्रा की मौत एवं अन्य छात्राओं के घायल होने के मामले में पुलिस ने स्कूल प्रबंधक, प्रधानाचार्य, बस स्वामी और चालक के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर ली है। पुलिस ने मामले की जांच भी शुरू कर दी। किच्छा के आजादनगर के वार्ड दो सुभाष कॉलोनी निवासी प्रकाश मजूमदार ने कोतवाली में दी तहरीर में आरोप लगाया है कि उनकी बेटी ज्योत्सना वैद्यराम सुधि सिंह बालिका उच्चतर माध्यमिक विद्यालय किच्छा में कक्षा छह की छात्रा थी। बाल दिवस के मौके पर उनकी बेटी अन्य छात्राओं व अध्यापिकाओं के साथ निजी बस (यूके 06 पीए 0698) से नानकमत्ता गई थी। नानकमत्ता से लौटते वक्त आरके ढाबा के पास मोड़ से चालक बस को गलत दिशा में ले गया। बस में बैठे बच्चों व अध्यापकों के मना करने पर वह जबरन गलत दिशा से बस लेकर गया। आरोप लगाया कि जानबूझकर बस को और तेज गति से चलाते हुए ट्रक में टक्कर मार दी। इससे उनकी बेटी ज्योत्सना और शिक्षिका लता गंगवार की मौत हो गई जबकि अन्य छात्राएं और शिक्षिकाओं को गंभीर चोटें लगीं। उन्होंने आरोप लगाया कि स्कूल के प्रबंधक शंभू सुमन सिंह, प्रधानाचार्य, बस स्वामी वेदप्रकाश सिंह, बस चालक रामजी लाल की वजह से ज्योत्सना मजूमदार और लता गंगवार की मौत हुई। एसएसआई विनोद फर्त्याल ने बताया कि मामले में रिपोर्ट दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है। आरटीओ विभाग हल्द्वानी के आरआई टेक्निकल विकास कुमार ने घटनास्थल और दुर्घटनाग्रस्त वाहनों का निरीक्षण किया।