हरिद्वार। जनपद में लगातार बढ़ रही दोपहिया वाहन चोरी की घटनाओं पर अंकुश लगाने के लिए चलाए जा रहे अभियान के तहत रानीपुर पुलिस को बड़ी सफलता हाथ लगी है। पुलिस ने एक वाहन चोर गिरोह का खुलासा करते हुए चार शातिर आरोपियों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपियों के कब्जे से चोरी की 10 मोटरसाइकिलें बरामद की गई हैं।
सोमवार को इस पूरे मामले का खुलासा करते हुए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) नवनीत सिंह भुल्लर ने बताया कि जिले में लगातार हो रही वाहन चोरी की घटनाओं को गंभीरता से लेते हुए पुलिस द्वारा विशेष अभियान चलाया जा रहा था। इसी क्रम में 4 अप्रैल को उत्तराखंड पुलिस ऐप के माध्यम से जिले के विभिन्न क्षेत्रों से मोटरसाइकिल चोरी की कई ऑनलाइन ई-एफआईआर दर्ज की गई थीं। इनमें सिडकुल, रानीपुर सहित अन्य क्षेत्रों से वाहन चोरी की शिकायतें शामिल थीं।
इन मामलों के खुलासे के लिए रानीपुर कोतवाली के प्रभारी निरीक्षक मनोहर सिंह भंडारी के नेतृत्व में पुलिस टीमों का गठन किया गया। टीम ने संदिग्ध स्थानों पर चेकिंग अभियान चलाते हुए वाहन चोरों की तलाश शुरू की।
इसी दौरान 5 अप्रैल को पुलिस टीम ने नहर पटरी स्थित श्मशान घाट के पास से चार संदिग्ध युवकों को हिरासत में लिया। पूछताछ में आरोपियों की पहचान विपिन निवासी मुजफ्फरनगर, गौरव निवासी लक्सर, नितिन निवासी मुरादाबाद और गौरव निवासी मंगलौर के रूप में हुई। तलाशी के दौरान उनके कब्जे से चोरी की तीन मोटरसाइकिलें बरामद की गईं।
कड़ी पूछताछ में आरोपियों ने स्वीकार किया कि वे नशे के आदी हैं और नशे की लत को पूरा करने के लिए मोटरसाइकिल चोरी की घटनाओं को अंजाम देते थे। चोरी करने के बाद वे वाहनों को नहर किनारे झाड़ियों में छिपाकर रखते थे और बाद में राहगीरों या कबाड़ियों को औने-पौने दामों में बेच देते थे।
आरोपियों की निशानदेही पर पुलिस ने विभिन्न स्थानों से कुल 10 चोरी की मोटरसाइकिलें बरामद की हैं। बरामद वाहनों में रानीपुर, सिडकुल, फरीदाबाद और दिल्ली क्षेत्रों से चोरी की गई बाइकें शामिल हैं। पुलिस के अनुसार यह गिरोह काफी समय से सक्रिय था और सुनसान स्थानों पर खड़ी मोटरसाइकिलों को अपना निशाना बनाता था।
पुलिस अब बरामद अन्य वाहनों के संबंध में भी जानकारी जुटा रही है और गिरोह से जुड़े अन्य संभावित सदस्यों की तलाश की जा रही है।