देहरादून: उत्तराखंड में महिला आरक्षण के मुद्दे पर आज विधानसभा का विशेष सत्र आयोजित किया जा रहा है। ‘नारी सम्मान: लोकतंत्र में अधिकार’ विषय पर केंद्रित इस एक दिवसीय सत्र में सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच तीखी बहस और हंगामे की संभावना जताई जा रही है।
सत्र शुरू होने से पहले ही कांग्रेस ने विरोध का ऐलान करते हुए जोरदार प्रदर्शन किया। कांग्रेस विधायक वीरेंद्र जाति ने विधानसभा के मुख्य गेट पर गन्ने से लदी ट्रॉली पलटकर सरकार के खिलाफ नाराजगी जताई। उन्होंने आरोप लगाया कि इकबालपुर चीनी मिल पर गन्ना किसानों का लगभग 110 करोड़ रुपये बकाया है, लेकिन सरकार भुगतान को लेकर गंभीर नहीं है।
बताया गया कि विधायक वीरेंद्र जाति खुद ट्रैक्टर चलाकर विधानसभा गेट तक पहुंचे और विरोध दर्ज कराया। वहीं, कांग्रेस के अन्य विधायक रिस्पना पुल से रैली निकालते हुए विधानसभा पहुंचे। इस दौरान उन्होंने महिला आरक्षण बिल को तत्काल लागू करने और अंकिता भंडारी को न्याय दिलाने की मांग को लेकर नारेबाजी की।
सरकार लाएगी निंदा प्रस्ताव
विशेष सत्र के दौरान सरकार की ओर से महिला आरक्षण से जुड़े नारी शक्ति वंदन अधिनियम में संशोधन के प्रस्ताव के खिलाफ संसद में मतदान करने पर विपक्ष के खिलाफ निंदा प्रस्ताव लाने की तैयारी है। सत्ता पक्ष के विधायक लोकसभा और विधानसभाओं में महिलाओं को 33 प्रतिशत आरक्षण देने के प्रावधान का समर्थन करेंगे।
विपक्ष की रणनीति तैयार
वहीं, विपक्ष ने भी सरकार को घेरने की पूरी तैयारी कर ली है। विपक्ष की मांग है कि 2023 में पारित महिला आरक्षण बिल को बिना देरी लागू करने के लिए सदन में प्रस्ताव पारित कर केंद्र सरकार को भेजा जाए।
चर्चा के दौरान विपक्ष महिला सुरक्षा, बढ़ते अपराध और महिलाओं से जुड़े अन्य अहम मुद्दों को उठाकर सरकार से जवाब मांग सकता है।
कांग्रेस दिखाएगी आक्रामक तेवर
नेता प्रतिपक्ष यशपाल आर्य की अध्यक्षता में हुई कांग्रेस विधानमंडल दल की बैठक में तय किया गया कि पार्टी के विधायक सदन में तथ्यों के साथ सरकार को घेरेंगे। यशपाल आर्य ने कहा कि सरकार महिला आरक्षण के नाम पर जनता को भ्रमित कर रही है और इसे लागू करने में देरी कर रही है।
सरकार का पक्ष
संसदीय कार्य मंत्री सुबोध उनियाल ने कहा कि केंद्र सरकार ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में महिलाओं को 33 प्रतिशत आरक्षण देने के लिए नारी शक्ति वंदन अधिनियम लाया है। उन्होंने विपक्ष पर इस मुद्दे पर राजनीति करने का आरोप लगाया।
अध्यक्ष की अपील
विधानसभा अध्यक्ष ऋतु खंडूड़ी भूषण ने सभी सदस्यों से सदन की मर्यादा बनाए रखते हुए रचनात्मक चर्चा करने की अपील की है। उन्होंने कहा कि विशेष सत्र के लिए सभी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं।
महिला आरक्षण जैसे अहम मुद्दे पर बुलाया गया यह विशेष सत्र राजनीतिक दृष्टि से बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है, जहां सत्ता और विपक्ष आमने-सामने नजर आएंगे।