Sunday, October 11, 2026
HTML tutorial
HTML tutorial
Homeउत्तराखण्डसरकारी नौकरी का झांसा देकर ठगने वाला गिरोह का खुलासा, इस नाम...

सरकारी नौकरी का झांसा देकर ठगने वाला गिरोह का खुलासा, इस नाम से बनाई फेक वेबसाइट; कहीं आप भी तो नहीं बने शिकार

सरकारी नौकरी दिलाने का झांसा देकर बेरोजगार युवाओं से ठगी करने वाले गिरोह का पर्दाफाश करते हुए उत्तराखंड पुलिस की एसटीएफ (स्पेशल टास्क फोर्स) ने गिरोह के तीन सदस्यों को गिरफ्तार किया है। गिरोह भारतीय युवा खेल परिषद में फिजिकल एजुकेशन टीचर, रेलवे और इनकम टैक्स विभाग में नौकरी दिलाने का झांसा देते थे। आरोपितों के बैंक खातों में पिछले छह महीने में करीब 55 लाख रुपये का लेनदेन हुआ है। गिरोह के अन्य सदस्यों की तलाश की जा रही है।
इस नाम से बनाई फर्जी वेबसाइट
एसटीएफ के एसएसपी आयुष अग्रवाल के अनुसार, पूर्व में कुछ युवकों ने शिकायत दर्ज करवाई थी कि भारतीय युवा खेल परिषद के नाम से किसी ने फर्जी वेबसाइट बनाई, जिस पर विभिन्न सरकारी विभागों में खाली पदों के लिए आवेदन मांगकर युवाओं को ठग जा रहा है। इस पर एसटीएफ ने गोपनीय जांच की तो शिकायत सही पाई गई। वेबसाइट में एक मोबाइल नंबर भी दिया गया था। एसटीएफ ने आवेदक बनकर इस नंबर पर संपर्क किया तो गिरोह के सदस्य ने बताया कि यह एक सरकारी संस्था है और इसमें विभिन्न विभागों के खाली पदों पर भर्ती के लिए आवेदन करने से पहले 700 रुपये का रजिस्ट्रेशन शुल्क देना होता है।
हरिद्वार स्थित एक आश्रम में प्रशिक्षण दिलाने की बात
प्रारंभिक चयन होने पर आवेदक को मूल दस्तावेज जमा करने होंगे। इसके बाद उन्हें हरिद्वार स्थित एक आश्रम में प्रशिक्षण दिलाने की बात कही गई। नौकरी के लिए अंतिम चयन के नाम पर आवेदक से डेढ़ से दो लाख रुपये का खर्चा बताया जाता था। इस धनराशि को गिरोह के सदस्य यूथ एसोसिएशन के नाम से बने बैंक खाते और अपने निजी खातों में जमा करवाते थे। रजिस्ट्रेशन शुल्क आनंद मेहतो के नाम से बने पेटीएम खाते में जमा हो रहा था। इस खाते में पिछले छह महीने में देशभर से युवक-युवतियों ने रजिस्ट्रेशन शुल्क के नाम पर पैसा जमा किया था। वहीं, डेढ़ से दो लाख रुपये की धनराशि राखी रानी व मनीष कुमार नाम के व्यक्ति के खाते में जमा हो रहे थे। इन खातों में पिछले छह महीनों में 55 लाख रुपये का लेनदेन हुआ है। जांच में गिरोह के सदस्य आनंद मेहतो, राखी रानी और मनीष कुमार के अलावा योगेंद्र कुमार, संजय रावत, राजकुमार उर्फ राजवरी, संदीप सिंह के नाम सामने आए हैं। एसटीएफ टीम ने शनिवार को आरोपित आनंद मेहतो निवासी उर्दू बाजार भागलपुर बिहार वर्तमान निवासी चैड़ा गांव नोएडा, योगेंद्र कुमार निवासी अशोक नगर वसुंधरा एन्क्लेव पूर्वी दिल्ली और संजय रावत निवासी जलालपुर रोड राधेश्याम विहार मुरादनगर गाजियाबाद को पूछताछ के लिए बुलाया और इसके बाद तीनों को गिरफ्तार कर लिया है।

RELATED ARTICLES
- Advertisment -
HTML tutorial
HTML tutorial

Most Popular

Recent Comments