सितारगंज। चीनी मिल में मरम्मत का कार्य कर रहे श्रमिक की वायलिंग हाउस के सेकंड फ्लोर पर पटला टूटने से गिरकर मौत हो गई। दो अन्य श्रमिकों ने किसी तरह लटककर अपनी जान बचाई। घटना से मिल में अफरातफरी मच गई। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए खटीमा भेज दिया। मंगलवार सुबह करीब 11:45 बजे दि किसान सहकारी चीनी मिल में ठेकेदार के अधीन श्रमिक चीनी मिल की मरम्मत का काम कर रहे थे। इसी बीच वायलिंग हाउस के सेकेंड फ्लोर पर पटला टूटा गया। इससे वहां काम कर रहे सल्फर फर्नेस अटेंडेंट प्रतापपुर देवरिया (यूपी) निवासी राजाराम उर्फ भगत (55) पुत्र बेचू, बिहार निवासी रामबाबू यादव पुत्र खजांति यादव और सुभाष आर्या पटला टूटने से नीचे आ गिरे। इनमें राजाराम करीब 20 फीट ऊंचाई से जमीन पर गिरा और वहां रखे सामान से टकरा गया। अन्य दो श्रमिक किसी तरह लटक गए जिससे उन्हें ज्यादा चोट नहीं आई। राजाराम को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र लाया गया जहां डॉक्टर ने उसे मृत घोषित कर दिया।
हादसे के बाद चीनी मिल में अफरातफरी मच गई। घटना के समय मिल को ठेके पर चला रही इंटीग्रेटेड कैसटेक कंसलटेंट प्राइवेट लिमिटेड नोएडा की कंपनी का कोई भी जिम्मेदार अधिकारी मौके पर मौजूद नहीं था। पुलिस ने अस्पताल पहुंचकर शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए खटीमा भेजा। मिल के जीएम राजीव लोचन शर्मा ने बताया कि श्रमिकों को सुरक्षा उपकरण भी नहीं दिए गए थे। उनके पास सेफ्टी बेल्ट भी नहीं थी। कैबिनेट मंत्री सौरभ बहुगुणा के स्थानीय प्रतिनिधि उमाशंकर दुबे ने अस्पताल पहुंचकर घटना के संबंध में जानकारी ली। उन्होंने बताया कि प्रथम दृष्टया सुरक्षा मानकों की अनदेखी करने से हादसा होने की जानकारी मिली है। कैबिनेट मंत्री को घटना की जानकारी दी है। दोपहर बाद मिल कर्मचारी शोकसभा आयोजित कर कार्य से विरत रहे।